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- कभी कभी हमारे दिल में रहने वाले लोग हमारे पास तो होते है लेकिन हम कभी कभी इतने परेशान होते है कि हम ना उन्हें सम्भाल पाते है ना खुद को तो हमारे लिए जरूरी है | उन्हें उसी तरह से समझना जैसे हम पहले एक दुसरे को समझते थे , इन हालतों में स्थिति ऐसी हो जाती है कि हम एक दुसरे की कमियों को देखने लगते है कि तुमने ये गलती की है या तुमने ये गलती की है परन्तु ये नही देख पाते की दोनों की ही गलतियाँ है हमारे बीच इतनी गलतफहमी पैदा हो जाती है की सब कुछ पहले जैसा करना नामुमकिन सा लगता है हर के रिश्ता मज़बूरी सा लगता है इसी लिए सबसे आसन तरीका है की उन्हें उसी तरह से समझे जो वो चाहते है उनकी हर बात को माने उन्हें हर वो ख़ुशी दे जो वो चाहते है
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